Tuesday, 2 April 2013

प्यार मांगता है


वह कौन है जो मुझसे मेरा हिसाब  मांगता है
मेरे ख्वाब में आकर मेरा ही ख्वाब मांगता है

मैं जब भी रूठता हूँ वो मुझे मनाता है
और रूठने का मुझसे मेरा अंदाज़ मांगता है

चांदनी रात  ठंढी हवा  झील का किनारा
वो कौन है जो मुझसे मेरा प्यार मांगता है

घर की दीवार  दरख़्त की छाल और मानसपटल
वो कौन है जो मेरा नाम  नाम-ए-यार मांगता है

चेहरे पर मासूमियत  दिल में प्यार   बांह पसारे
वो कौन है जो लिपटने को मुझसे बार-बार मांगता है

वो हुस्न की अंगड़ाई  इश्क की गहराई "धरम"
भरे बाज़ार मुझसे सिपहसलार मांगता है

वो कौन है जो मुझसे मेरा प्यार मांगता है...


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